भारत सरकार के द्वारा सभी भारतीय नागरिकों के लिए आधार कार्ड जारी किया हुआ है और यह आधार कार्ड सबसे जरूरी पहचान पत्रों में आता है। इस आधार कार्ड की जरूरत सभी नागरिकों को आए दिन अलग-अलग कामों को लेकर होती है। और ऐसे में यदि आधार कार्ड में किसी प्रकार की कोई भी गलती हो और सत्यापन की पूरी प्रक्रिया ना हो पाए तो ऐसी स्थिति में विभिन्न प्रकार की समस्याओं का भी सामना करना पड़ सकता है।
वही महत्वपूर्ण कार्यों में रुकावट देखने को मिल सकती है। ऐसे में आधार कार्ड के सबसे महत्वपूर्ण नियमों की जानकारी सभी को पता होनी चाहिए कि आखिर में आधार कार्ड में कितनी बार नाम मोबाइल नंबर और एड्रेस को अपडेट किया जा सकता है। क्योंकि अनेक नागरिकों को कभी नाम में बदलाव करने की आवश्यकता होती है तो कभी मोबाइल नंबर में तो कभी एड्रेस में तो इनके नियम नागरिकों के लिए सबसे महत्वपूर्ण है।
Aadhaar Card Rules
सभी नागरिक आधार कार्ड को विभिन्न जरूरी दस्तावेजों को बनवाते समय उपयोग में लेते हैं तो वहीं दूसरी तरफ अनेक नागरिक स्कूल में एडमिशन से लेकर विभिन्न कार्यालयो तक आधार कार्ड को उपयोग में लेते हैं क्योंकि सभी जगह पर आधार कार्ड की मांग सबसे पहले की जाती है। ऐसे में समय रहते ही सभी नागरिकों को आधार कार्ड में मौजूद सभी प्रकार की गलती सही करवा लेनी चाहिए। अनेक प्रकार की गलतियां ऑनलाइन आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से सही करवाई जा सकती है।
वही कुछ गलतियों के लिए नजदीकी आधार सेंटर पर ही जाना होता है और वहीं से जानकारियां सही करवानी होती है। छोटे बच्चों से लेकर बड़े व्यक्तियों के आधार कार्ड सभी में बदलाव किया जा सकता है बस संपूर्ण जानकारी पता होनी चाहिए कि आखिर में प्रक्रिया क्या है और कितनी बार बदलाव किया जा सकता है। और यह जानकारी बहुत ही कम लोगों को मालूम है लेकिन आज सभी को मालूम हो जाएगी।
आधार कार्ड में मोबाइल नंबर के बदलाव के लिए नियम
आधार कार्ड से लिंक मोबाइल नंबर पर बहुत सारे आवश्यक ओटीपी प्राप्त होते हैं तो ऐसे में यदि आपने आधार कार्ड से लिंक मोबाइल नंबर को बदल लिया है या फिर गलत मोबाइल नंबर आधार कार्ड से लिंक हो चुका है तो ऐसे में आधार कार्ड से लिंक मोबाइल नंबर की जगह दूसरे चालू सही मोबाइल नंबर जो कि वर्तमान में उपयोग में लिए जा रहे हैं वह लिंक कर सकते हैं। सभी नागरिक आधार कार्ड में जितनी बार चाहे उतनी बार नया मोबाइल नंबर बदल सकते हैं।
लेकिन ध्यान रहे ऐसा ही मोबाइल नंबर आधार कार्ड के साथ लिंक करना है जिसकी सिम आप अपने मोबाइल नंबर में रखते हैं। क्योंकि ऐसा करने पर मोबाइल नंबर को प्राप्त होने वाले ओटीपी आसानी से कभी भी वेरीफाई करवाए जा सकेंगे आगे कोई भी समस्या देखने को नहीं मिलेगी और बार-बार मोबाइल नंबर में बदलाव भी नहीं करना पड़ेगा।
आधार कार्ड में नाम अपडेट करने को लेकर निर्धारित नियम
अनेक नागरिकों के आधार कार्ड में नाम भी गलत होता है जिसकी वजह से वह नाम में बदलाव करना चाहते हैं ऐसे में ऐसे नागरिकों के लिए नियम है कि वह आधार कार्ड में केवल और केवल अपने पूरे जीवन में सिर्फ दो ही बार नाम में बदलाव कर सकते हैं। और नाम में बदलाव करने के लिए भी कुछ जरूरी अन्य दस्तावेजों की मांग की जाएगी जैसे कि पैन कार्ड या फिर राशन कार्ड आदि तो इस प्रकार का कोई दस्तावेज जरूर मौजूद होना चाहिए।
वही नाम में बदलाव की लिमिट ऊपर बता दी गई है तो ध्यान रखें और ध्यान से ही नाम में बदलाव करवाना है क्योंकि बार-बार बदलाव नहीं करवाया जा सकेगा। सरकार ने यह नियम सभी नागरिकों के लिए लागू किया हुआ है ऐसे सभी को इस नियम की पालना जरूर करनी है। वैसे नाम में बदलाव करने की ज्यादा आवश्यकता नहीं पड़ती है।
आधार कार्ड में लिखित जन्मतिथि में बदलाव करने का नियम
आधार कार्ड में आधार कार्ड धारक की जन्म तारीख भी लिखी हुई होती है और अक्सर नागरिक इसमें भी बदलाव करने की सोचते हैं लेकिन इसे लेकर सरकार ने नियम लागू किया हुआ है कि आधार कार्ड में लिखित जन्मतिथि में बदलाव पूरे जीवन में केवल एक ही बार करवाया जा सकता है। और जन्म तिथि में बदलाव करने के लिए भी नागरिक के पास जन्म प्रमाण पत्र जरूर मौजूद होना चाहिए। या फिर अन्य कोई संबंधित महत्वपूर्ण दस्तावेज होना चाहिए।
जन्मतिथि में बदलाव को लेकर यूनिक आईडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया के द्वारा बहुत ज्यादा सख्त नियम लागू किए हुए हैं। क्योंकि जन्मतिथि में बदलाव करके बहुत सारे नागरिक अपनी आयु को कम ज्यादा दिखा सकते हैं और कुछ ज्यादा समस्या उत्पन्न हो सकती है तो इसीलिए जन्मतिथि को लेकर सख्त नियम है।
आधार कार्ड में घर का पता बदलने का नियम
ऐसे नागरिक जो कि अपना पुराना घर छोड़कर किसी नए घर में रहने के लिए जा रहे हैं या फिर गांव शहर को छोड़कर किसी अन्य गांव या शहर में जा रहे हैं। उनके लिए नियम है कि वह आधार कार्ड में चाहे जितनी बार एड्रेस में बदलाव करवा सकते हैं लेकिन इसके लिए आधार सेंटर पर कुछ जरूरी दस्तावेजों की मांग की जाएगी जैसे कि बिजली बिल या फिर रेंट एग्रीमेंट या राशन कार्ड तो इस प्रकार का कोई ना कोई दस्तावेज जरूर मौजूद होना चाहिए।
आधार कार्ड के ऑनलाइन और ऑफलाइन होने वाले काम
मोबाइल नंबर ईमेल आईडी बायोमैट्रिक डाटा जिसमें फिंगरप्रिंट और फोटो आईरिस आदि शामिल है और जन्म तिथि में ऑफलाइन तरीके से बदलाव किया जा सकता है जिसके लिए नजदीकी आधार सेंटर पर जाना होगा और वहीं से बदलाव होगा इनके अलावा पता और नाम में आंशिक बदलाव ऑनलाइन तरीके से किया जा सकता है। लेकिन अक्सर नियमों में बदलाव भी होता रहता है जिसकी वजह से आवश्यकता पड़ने पर आधिकारिक जानकारी को जरूर जानें।





